कटनी (23 अप्रैल) – ग्रीष्मकाल में नागरिकों को पेयजल की सुचारु उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जिला पंचायत सीईओ सुश्री हरसिमरनप्रीत कौर ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जहां-जहां विद्युत कनेक्शन विच्छेदित हैं, उन्हें प्राथमिकता से जोड़कर नल-जल योजनाएं तत्काल प्रारंभ कराई जाएं।
उन्होंने कहा कि जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत निर्मित की जा रही जल संरचनाओं में तकनीकी मानकों, गुणवत्ता और समय-सीमा का विशेष ध्यान रखा जाए। किसी भी प्रकार की लापरवाही या त्रुटि पाए जाने पर संबंधितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गुरुवार को विकासखंड बड़वारा के ग्राम पंचायत बड़वारा, उपार्जन केंद्र क्रमांक-1 विलायत कलां, खितौली, जगुआ, बरमानी सहित अन्य गांवों का औचक निरीक्षण करते हुए उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उपार्जन केंद्रों पर किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। किसानों के लिए शुद्ध पेयजल, छाया और अन्य आवश्यक सुविधाएं अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराई जाएं।
निरीक्षण के दौरान सीईओ ने बड़वारा में मनरेगा के तहत प्रगतिरत कंटूर ट्रेंच (सीपीटी) कार्य एवं उमंग नगर आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण कर संचालित गतिविधियों और पोषण आहार से जुड़ी जानकारी ली। उन्होंने चिरौंजिया बाई के खेत तालाब का भी मुआयना किया और स्वीकृत व व्यय राशि की जानकारी लेते हुए बारिश से पूर्व गुणवत्तापूर्ण कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए।
उपार्जन केंद्र विलायत कलां
उपार्जन केंद्र विलायत कलां क्रमांक-1 के निरीक्षण के दौरान सीईओ ने केंद्र प्रभारी से गेहूं, चना और सरसों की भौतिक उपलब्धता तथा किसानों को समयबद्ध भुगतान की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि किसानों को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े और व्यवस्थाएं सुचारु


