धार्मिक आस्था, भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत संगम शनिवार को कटनी नगर में उस समय देखने को मिला, जब श्री इन्द्रेश उपाध्याय महाराज की अमृतमयी श्रीमद्भागवत कथा के आयोजन से पूर्व नगर के इतिहास की सबसे भव्य, सबसे लंबी और ऐतिहासिक कलश यात्रा निकाली गई। यह दृश्य कटनी के धार्मिक इतिहास में एक स्वर्णिम अध्याय के रूप में दर्ज हो गया।
श्रीमद्भागवत कथा महोत्सव के शुभारंभ के अवसर पर आयोजित यह विशाल कलश यात्रा सिद्ध पीठ श्री श्री 1000 दक्षिण मुखी बड़े हनुमान जी मंदिर से प्रारंभ हुई। मंदिर परिसर में विधिविधान से पूजन-अर्चन के पश्चात श्रद्धालु महिलाओं को कलश प्रदान किए गए। सैकड़ों महिलाओं ने अपने सिर पर सुसज्जित कलश धारण कर भक्ति भाव के साथ यात्रा का शुभारंभ किया।कलश यात्रा में परम पूज्य अनंत श्री विभूषित श्री इन्दिरारमण स्वामी जी महाराज की विशेष उपस्थिति रही। उन्होंने सर्वप्रथम दक्षिण मुखी बड़े हनुमान जी मंदिर में प्रभु की आरती कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इसके पश्चात मंदिर के सेवादारों द्वारा स्वामी जी की आरती कर उनका अभिनंदन किया गया। सुसज्जित बग्गी में विराजमान स्वामी जी महाराज ने शोभायात्रा की भव्यता को और अधिक दिव्यता प्रदान की।
यात्रा जैसे-जैसे शहर के प्रमुख मार्गों से होकर आगे बढ़ी, पूरा नगर हरि नाम और जय श्रीकृष्ण के जयघोष से गूंज उठा। मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालु नागरिकों ने पुष्पवर्षा कर, आरती उतारकर और शंख-नाद के साथ इस ऐतिहासिक कलश यात्रा का भव्य स्वागत किया।
उल्लेखनीय है कि श्री रंगनाथ सेवा समिति, रंगनाथ नगर कटनी के तत्वावधान में 31 जनवरी से 6 फरवरी 2026 तक आयोजित होने वाला यह भुवन पावनी श्रीमद्भागवत कथा महोत्सव नगर एवं जिले के लिए गौरव का विषय है। अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त कथा व्यास प.पू. पं. श्री इन्द्रेश उपाध्याय जी महाराज (श्रीधाम वृंदावन) अपनी ओजस्वी, सरस और भावपूर्ण वाणी से श्रद्धालुओं को भागवत कथा का अमृतपान कराएंगे।


