रिपोर्टर सीमा कैथवास
नर्मदापुरम। सहायक श्रमायुक्त नर्मदापुरम ने बताया है कि श्रम विभाग द्वारा गत 01 जून से 30 जून तक बाल एवं किशोर श्रमिकों के चिन्हांकन, विमुक्ति एवं पुर्नवास किए जाने का कार्य श्रम विभाग, पुलिस विभाग, राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, बाल कल्याण समिति, अशासकीय सामाजिक संस्थाओं एवं अन्य के सहयोग से किया गया है जिसमें उल्लेखनीय सफलता प्राप्त हुई है। सहायक श्रमायुक्त नर्मदापुरम ने बताया है कि बाल श्रम की रोकथाम हेतु जागरूकता अभियान अंतर्गत नगर पालिका पिपरिया में 04 संस्थानों में 06 किशोर श्रमिक कार्यरत पाये गये, जिसमें किशोर श्रमिकों को अवशेष भुगतान की कार्यवाही की गई एवं नियोजकों को उल्लंघन स्वरूप सूचना-पत्र प्रेषित किया गया है। नगर पालिका क्षेत्र इटारसी में जागरूकता अभियान किया गया है जिसमें 01 किशोर श्रमिक कार्यरत पाया गया। नगर पालिका क्षेत्र नर्मदापुरम में 01 बाल श्रमिक गैरिज लाईन में कार्यरत पाया गया, जिसे बाल कल्याण समिति नर्मदापुरम के समक्ष प्रस्तुत किया गया। बाल कल्याण समिति द्वारा बाल श्रमिक को, उसके माता-पिता को सौंप दिया गया। पचमढ़ी शहर में बाल श्रम अधिनियम अंतर्गत छावनी परिषद एवं महिला बाल विकास के सहयोग से जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। अंतर्राष्ट्रीय बाल श्रम निषेध दिवस 12 जून 2024 के उपलक्ष्य में कार्यशाला का आयोजन किया गया जिसमें जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से सहायक विधिक सेवा अधिकारी, बाल कल्याण समिति सदस्य, बचपन बचाओ आंदोलन समन्वयक, शिक्षा विभाग, महिला बाल विकास विभाग उपस्थित हुऐ। अधिनियम अंतर्गत एसओपी पर चर्चा की गई, जिले में बाल श्रम उन्मूलन हेतु सुझाव लिया गया। इसी तरह से 12 जून 2024 से 19 जून 2024 तक सिवनीमालवा, माखननगर एवं सोहागपुर नगर में भी भ्रमण किया गया। अभियान अंतर्गत बाल श्रम उन्मूलन हेतु माह जुलाई 2024 में शासकीय गृह विज्ञान महाविद्यालय के सहयोग से एस.एन.जी. चौराहा पर नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया है।


