कटनी। विकासखंड रीठी के ग्राम पंचायत वसुधा में प्रोजेक्ट उन्नति के अंतर्गत जैविक सब्जी उत्पादन एवं प्रबंधन का प्रशिक्षण प्रशिक्षक रामसुख दुबे द्वारा दिया जा रहा है। प्रशिक्षण के क्रम में सब्जियों में लगने वाले कीट काटने वाले कुतर ने वाले रस सूचक एवं फल छेदक तथा उगरा उक्ठा जड़ सड़न पौध गलन आदि रोगों तथा उनके नियंत्रण के जैविक तरीकों की तकनीकी जानकारी दी गई। देसी गाय के गोमूत्र में 33 प्रकार के तत्व पाए जाते हैं जिनका उपयोग फसल में रोग नियंत्रण के लिए बीज उपचार पौध वर्धक कीटनाशक
एवं शीघ्र खाद बनाने तथा पौधों में उपयोग के विषय में बताया गया। सब्जियों के लिए नर्सरी प्रबंधन के अंतर्गत पौधे तैयार करने से लाभ पौधशाला के लिए स्थल का चुनाव पौधशाला की तैयारी भूमि शोधन बीज शोधन ऊंची उठी हुई एवं समतल क्यारी बीज बोने की छिटकवां तथा कतार में बोनी बीजों को ढकना सिंचाई खरपतवार एवं रोग नियंत्रण आदि का विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया मिट्टी परीक्षण का प्रायोगिक प्रदर्शन किया गया। प्रशिक्षण मध्यप्रदेश शासन ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा आयोजित एवं भारतीय स्टेट बैंक ग्रामीण स्वरोजगार संस्थान कटनी के संचालक पवन कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन एवं प्रशिक्षण समन्वयक सुनील रजक तथा अनुपम पांडे के सहयोग से चल रहा है। प्रशिक्षण में केसरी सिंह मिलन शैलजा कृषि सखी ममता सिंह कुसुम बाई मैना बाई रचना बाई जगत रानी रामकली बाई रोजगार सहायक जमील खान आदि उपस्थित रहे।


