सीआईएसएफ ने पकड़ा मामला;*
*ट्रक क्रमांक*
*MH40BG0405 की लोडिंग पर उठे सवाल*
परासिया। वेस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (WCL) की नेहरिया कोयला खदान में रोड सेल के तहत कोयला लोडिंग को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि व्यापारी के कोयला उठाव की अंतिम तारीख होने के कारण निर्धारित समय में गाड़ी भरने की जल्दबाजी में नियमों को ताक पर रख दिया गया। बंकर बंद होने के बाद भी जेसीबी मशीन की मदद से ट्रक में कोयला लोड किया गया। बताया जा रहा है कि ट्रक में स्लैग कोयले की जगह स्टीम कोयला भरा जा रहा था। सीआईएसएफ ने इस मामले को पकड़ लिया।
अंतिम दिन कोयला उठाव की जल्दबाजी?
जानकारी के अनुसार, मामला रोड सेल के ट्रक क्रमांक MH40BG0405 से जुड़ा है। आरोप है कि कोयला उठाव की अंतिम तारीख होने के कारण व्यापारी को निर्धारित समय में कोयला उठाना था। इसी जल्दबाजी में बंकर बंद होने के बाद भी जेसीबी मशीन से ट्रक में कोयला भरने की बात सामने आई है। हालांकि, कोयले की वास्तविक श्रेणी, लोडिंग की अनुमति और पूरी घटना की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
कंपनी और परिवहन व्यवस्था पर भी सवाल
बताया जा रहा है कि यह कोयला बुधनी की वर्धमान कंपनी के डीओ (डिलीवरी ऑर्डर) के तहत उठाया जा रहा था। लोडिंग के दौरान KCT खंडूजा कोल ट्रांसपोर्ट कंपनी की देखरेख में सुपरवाइजर तरुण की मौजूदगी होने की बात भी सामने आई है। ट्रक चालक का नाम अयूब बताया जा रहा है। इन सभी जानकारियों की आधिकारिक पुष्टि होना अभी बाकी है।
जांच और कार्रवाई का इंतजार
सीआईएसएफ द्वारा मामला पकड़े जाने के बाद अब निगाहें WCL प्रबंधन की कार्रवाई पर टिकी हैं। सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या ट्रक में लोड किए गए कोयले की श्रेणी, डीओ, लोडिंग रिकॉर्ड और संबंधित दस्तावेजों की जांच की जाएगी? क्या जिम्मेदार लोगों की भूमिका निर्धारित कर नियमानुसार कार्रवाई होगी या मामला विभागीय स्तर पर ही सीमित रह जाएगा?
अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि WCL प्रबंधन मामले की निष्पक्ष जांच कर वास्तविक स्थिति सार्वजनिक करता है या नहीं। *संवाददाता शुभम सहारे छिंदवाड़ा*


