एम पी न्यूज कास्ट मनीष गौतम 9993205230
कटनी। माधवनगर में 9 अक्टूबर को हरेमाधव वर्सी पर्व की शुरुआत श्रद्धा और उल्लास के वातावरण में हुई। सतगुरु सांईं ईश्वरशाह साहिब के आगमन पर माधवनगर रेलवे स्टेशन पर श्रद्धालुओं और सेवादारों ने पारंपरिक वाद्ययंत्रों, ढोल-नगाड़ों और जयकारों के साथ उनका स्वागत किया। दीप प्रज्ज्वलन के साथ पर्व का शुभारंभ हुआ। इस दौरान सतगुरु साहिब ने सेवा में जुटे सेवादारों को आशीर्वाद दिया।
भव्य शोभायात्रा में दिखी भक्ति और संस्कृति की झलक
हरेमाधव दरबार साहिब से निकली शोभायात्रा आयोजन का प्रमुख आकर्षण रही। सजे-धजे रथ पर विराजमान सतगुरु सांईं ईश्वरशाह साहिब के दर्शन के लिए मार्ग में बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। विभिन्न शहरों से पहुंचे हरेमाधव यूथ के सेवादारों ने अलग-अलग राज्यों की पारंपरिक वेशभूषा में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर लोगों का मन मोह लिया।
खुरई से आए सेवादारों के डांडिया और शैलानृत्य ने विशेष आकर्षण पैदा किया। वहीं, ‘ईश्वरनादम् पथक’ के विशाल वाद्ययंत्र समूह ने ढोल, नगाड़े, झांझ और डमरू समेत करीब 25 प्रकार के वाद्ययंत्रों की धुनों से माहौल को भक्तिमय कर दिया। हरेमाधव यूथ के सेवादारों ने अनुशासित मार्चपास्ट के जरिए सतगुरु जी के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की। भजन-कीर्तन और जयकारों के बीच आगे बढ़ती शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालु अपने आराध्य के दर्शन कर भावविभोर नजर आए।
पुष्पवर्षा और भजनों से गूंजा दरबार साहिब
शोभायात्रा के दरबार साहिब पहुंचने पर हरेमाधव परमार्थ सत्संग समिति के पदाधिकारियों ने सतगुरु जी का स्वागत किया। बच्चों और सेवादारों ने भी अनुशासित मार्चपास्ट, सैल्यूट और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से अभिनंदन किया।
हरेमाधव रुहानी बाल संस्कार के बच्चों ने स्वागत गीत, नृत्य और पुष्पवर्षा के जरिए समारोह में चार चांद लगा दिए। ‘सतगुरु चरणों में अभिनंदन है’ और ‘मेरे सतगुरु दाता आए हैं’ जैसी भक्तिमय प्रस्तुतियों ने संगत को भावनाओं से भर दिया। हरेमाधव यूथ की ‘चले माधव लोक’ प्रस्तुति भी कार्यक्रम का हिस्सा रही।
दोपहर के समय सतगुरु जी का कारवां कटनी और मुड़वारा रेलवे स्टेशन से होकर पुनः माधवनगर पहुंचा। पूरे आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं में दर्शन और आशीर्वाद प्राप्त करने का उत्साह बना रहा।
श्रद्धालुओं के लिए भोजन, ठहरने और इलाज की सुविधा
हरेमाधव वर्सी पर्व में शामिल होने के लिए आसपास के गांवों, कस्बों और दूर-दराज के शहरों से संगत पहुंच रही है। श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए हरेमाधव परमार्थ सत्संग समिति की ओर से विभिन्न धर्मशालाओं में ठहरने तथा भोजन की व्यवस्था की गई है। रेलवे स्टेशन पर बनाए गए स्वागत एवं सूचना केंद्र के जरिए बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं को उनके निर्धारित आवास स्थलों तक पहुंचने में मदद दी जा रही है।
सेवा कार्यों के तहत बाबा माधवशाह चिकित्सालय में 8 और 9 अक्टूबर को दो दिवसीय निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर भी आयोजित किया गया। शिविर में जरूरतमंद लोगों की स्वास्थ्य जांच के साथ उन्हें मुफ्त दवाइयां उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।
आस्था के साथ सेवा और समर्पण का संदेश
हरेमाधव वर्सी पर्व के आयोजन में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सेवा और सांस्कृतिक एकता की झलक भी देखने को मिल रही है। बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों की सहभागिता ने आयोजन को व्यापक स्वरूप दिया है। श्रद्धालु सतगुरु के दर्शन, सत्संग और आशीर्वाद के लिए पहुंच रहे हैं।
माधवनगर में आयोजित यह पर्व श्रद्धा, सेवा और आध्यात्मिक जुड़ाव के संदेश के साथ संगत को जोड़ रहा है। धार्मिक कार्यक्रमों के साथ भोजन, आवास और चिकित्सा जैसी सुविधाओं की व्यवस्था ने भी आयोजन में सेवा भावना के महत्व को सामने रखा है।


