घटना का सक्षिप्त विवरण दिनांक 21.09.2026 को ग्राम गांगीवाडा से पाँच नाबालिक बालिकाओं के परिजनों द्वारा
थाना देहात में बालिकाओं की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज की गई प्रार्थियों की रिपोर्ट पर क्रमशः अप.क्र. 572/26, 573/26, 574/26, 575/26, 576/26 धारा 137(2) bns का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। घटना की जानकारी विरिष्ठ अधिकरियों को दी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए श्रीमान पुलिस अधीक्षक महोदय छिन्दवाडा एवं श्रीमान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महोदय छिन्दवाडा के मार्गदर्शन में श्रीमान नगर पुलिस अधीक्षक महोदय श्री अभिषेक चौधरी एवं थाना प्रभारी देहात द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए प्रार्थियों के घर जाकर परिजनों एवं आस पडोस के लोगों से पूछताछ की गई आस पास के cctv कैमरे चैक किए गए। अनुसंधान के दौरान एक गुमशुदा नाबालिक बालिका के पास मोबाईल होने एवं चालू हालत में होने की जानकारी प्राप्त हुई सायबर तकनीक का उपयोग कर सायबर से लोकेशन प्राप्त की गई उक्त मोबाईल का लोकेशन पीथमपुर सेक्टर 03 धार का होना पाए जाने से तत्काल टीम गठित कर पीथमपुर धार रवाना किया गया जहां पाँचों नाबालिक बालिकाएँ उपस्थित मिली जिनसे पूँछताछ करने पर बालिकाओं द्वारा बताया गया कि घर में परिजनों द्वारा मोबाईल देखने, पढाई न करने, काम न करने को लेकर डांटने पर एक राय होकर पाँचों सहेली घर में बिना बताए पीथमपुर काम करने चली गई थी। पूँछताछ कर पाँचों नाबालिक बालिकाओं को दिनांक 22/09/26 को दस्तयाब कर पांचों बालिकाओं की काउन्सलिंग बाल कल्याण समिति जिला धार द्वारा कराकर पांचों नाबालिक बालिकाओं को हमराह थाना देहात छिन्दवाडा लाकर बाल कल्याण समिति छिन्दवाडा में भी काउन्सलिंग हेतुu वन स्टाफ सेन्टर छिन्दवाडा में रखा गया है।
विशेष भूमिका निरीक्षक जी. एस. राजपूत थाना प्रभारी देहात, निरी. करिश्मा चौधरी, उनि हर्ष नागले, सउनि राजेश रघुवंशी, सउनि. सुरेन्द्र प्रताप यादव, म.आर. राजकुमारी, म.आर. प्रमीला, आर. 414 ब्रजेश, सायबर सैल आर आदित्य रघुवंशी की विशेष भूमिका रही।


