मध्य प्रदेश में भारी बारिश से जन-जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। एहतियात के तौर पर, जिला प्रशासन ने सोमवार को भोपाल, डिंडोरी और कुछ अन्य जिलों में स्कूल बंद करने का फैसला किया है।
भोपाल में रविवार रात से ही जोरदार बारिश हो रही है, जिससे कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई है। सुबह वीआईपी रोड पर एक पेड़ गिरने से यातायात भी प्रभावित हुआ।
मौसम के हालात को देखते हुए भोपाल जिला प्रशासन ने सोमवार को एमपीबीएसई, सीबीएसई, आईसीएसई और अन्य बोर्ड से जुड़े सभी सरकारी, प्राइवेट और एडेड स्कूलों में नर्सरी से 12वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए छुट्टी की घोषणा की।
प्रशासन ने कहा, “जिले में भारी बारिश को देखते हुए 10 अगस्त को भोपाल जिले में चल रहे सभी सरकारी, प्राइवेट और एडेड स्कूलों में नर्सरी से 12वीं कक्षा तक के छात्रों के लिए छुट्टी घोषित की गई है।”
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, इस क्षेत्र में मौसम पर कम दबाव वाले क्षेत्र और उससे जुड़े चक्रवाती परिसंचरण (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) का असर है, जबकि मानसून ट्रफ सक्रिय बना हुआ है।
आईएमडी की सोमवार के लिए जारी ताजा चेतावनी में कहा गया है कि पश्चिमी मध्य प्रदेश में कुछ जगहों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है, साथ ही आंधी-तूफान और बिजली गिरने की भी संभावना है। राजगढ़, विदिशा, सीहोर, हरदा और देवास में बहुत ज्यादा बारिश के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया है, जहां कुछ जगहों पर 24 घंटों में आठ इंच तक बारिश हो सकती है।
उज्जैन, आगर-मालवा, शाजापुर, खंडवा, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, पांढुर्णा, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, सागर, दमोह, जबलपुर, गुना, शिवपुरी और श्योपुर में भी भारी बारिश का अनुमान है।

