केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर (CGST), कटनी
पुलिस अधीक्षक कार्यालय, कटनी से प्राप्त सूचना के आधार पर विगत समय में किए गए एक प्रारंभिक विश्लेषण में यह संज्ञान में आया कि कुछ फर्मों द्वारा संदेहास्पद वित्तीय लेन-देन को जीएसटी पंजीकृत फर्मों के माध्यम से प्रदर्शित कर कर अपवंचन (tax evasion) किया जा रहा है, जिससे राजस्व को क्षति पहुँची है।
उक्त सूचना पर संज्ञान लेते हुए CGST, कटनी की निवारक शाखा द्वारा अधीक्षक श्री दया शंकर सिंह के नेतृत्व में दिनांक 17.04.2026 को संबंधित फर्म परिसर में भौतिक सत्यापन की कार्यवाही की गई। इस दौरान फर्म से संबंधित व्यक्तियों के बयान दर्ज किए गए एवं आवश्यक दस्तावेजों का परीक्षण किया गया।
प्रारंभिक जांच में यह पाया गया कि संबंधित फर्म द्वारा वर्ष 2022-23 तक सीमित व्यापार किया गया था तथा उसके पश्चात कोई वास्तविक व्यावसायिक गतिविधि संचालित नहीं की गई। इसके बावजूद जीएसटी रिटर्न नियमित रूप से दाखिल किए जाते रहे, जिससे यह संदेह उत्पन्न हुआ कि फर्म के माध्यम से फर्जी इनवॉइस (fake invoices) जारी कर इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) का अनुचित लाभ लिया जा रहा था।
यह भी पाया गया कि कथित बैंकिंग लेन-देन के माध्यम से इन फर्जी लेन-देन को वैध दर्शाने का प्रयास किया गया, जिससे राजस्व को भारी नुकसान हुआ है। इस प्रकार की गतिविधियां जीएसटी अधिनियम के अंतर्गत दंडनीय अपराध की श्रेणी में आती हैं।
प्रकरण में आगे की जांच जारी है एवं अन्य संबंधित फर्मों/व्यक्तियों के विरुद्ध आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

