कटनी – तकनीकी शिक्षा कौशल विकास एवं रोजगार विभाग के प्रमुख सचिव श्री मनीष सिंह ने बुधवार को शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज और औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान कटनी का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कलेक्टर श्री आशीष तिवारी भी मौजूद रहे।
जिले में रोजगार मेलों के माध्यम से बेरोजगार युवाओं को रोजगार दिलाने के बेहतर प्रयासों की वजह से कटनी जिले को प्रदेश में मिले प्रथम स्थान के लिये प्रमुख सचिव ने कलेक्टर श्री तिवारी को बधाई दी। उन्होंने पॉलिटेक्निक कॉलेज में जनभागीदारी समिति का पुनर्गठन कर यहां पढ़ रहें छात्रों के लिये जिले की प्रतिष्ठित और प्रगतिशील औद्योगिक इकाईयों के साथ ऑन जॉब ट्रेनिंग के लिये अनुबंध करने के निर्देश दिये।
प्रमुख सचिव श्री सिंह पॉलिटेक्निक कॉलेज की कम्प्यूटर साईंस के छात्रों की कक्षा में पहुंचे और छात्रों से पूछा कि वे एआई टूल्स और चैट जीपीटी का उपयोग करते हैं कि नहीं। जिस पर सभी छात्रों ने सहमति में हाथ उठाया। उन्होंने जब कटनी जिले के बाहर के छात्रों से यहां एडमीशन लेने का कारण पूछा तो छात्रों ने बताया कि यहां उनके गृह जिलों की तुलना में बेहतर पढ़ाई होती है। इस पर प्रमुख सचिव ने प्राचार्य श्री नरेन्द्र बड़खेड़कर की सराहना की।
कलेक्टर श्री तिवारी ने प्रमुख सचिव श्री सिंह से कॉलेज में माइनिंग पाठ्यक्रम शीघ्र शुरू करने की अनुमति प्रदान करने का आग्रह किया। जिस पर उन्होंने पाठ्यक्रम हेतु आवश्यक पदों की स्वीकृति, लैब, उपकरण आदि के लिये आबंटन प्रदाय करने का आश्वासन दिया।
प्रमुख सचिव ने शासकीय आईटीआई कटनी के निरीक्षण के दौरान संचालित विभिन्न योजनाओं जैसे मुख्यमंत्री सीखो कमाओ योजना, प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना, प्रधानमंत्री इंटर्नशिप योजना, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना आदि के अप्रेंटिसशिप के संबंध में समीक्षा कर निर्देश दिये कि इन सभी का पारदर्शी एवं प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाय।
प्रमुख सचिव ने उमरियापान के आईटीआई का नया भवन बनने तक वैकल्पिक व्यवस्था के तहत कलेक्टर श्री तिवारी के सुझाव पर इसे शासकीय महाविद्यालय ढीमरखेड़ा के भवन में स्थानांतरित करने के निर्देश दिये। इसके साथ ही प्रमुख सचिव ने आईटीआई के 60-60 सीटर क्षमता के निर्मित छात्रावासों को शीघ्र प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कलेक्टर श्री तिवारी की सहमति पर इसके लिये जनभागीदारी समिति से अनुमोदन लेकर सफाईकर्मी व गार्ड की व्यवस्था कर छात्रावास को प्रारंभ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आईटीआई के छात्रों से सीटें रिक्त रहने पर यहां पॉलिटेक्निक कॉलेज के भी छात्रों को रहने की सुविधा प्रदान करें।
प्रमुख सचिव ने प्रशिक्षणार्थियों के प्लेसमेंट एवं वर्तमान रोजगार स्थिति के संबंध में नियमित फीडबैक रखने के निर्देश दिए, जिससे यह सुनिश्चित किया जा सके कि प्रशिक्षण के उपरांत किस क्षेत्र में कार्यरत हैं। साथ ही यह भी निर्देशित किया कि वरिष्ठ प्रशिक्षणार्थियों के अनुभव एवं फीडबैक को जूनियर प्रशिक्षणार्थियों के साथ साझा किया जाए, ताकि वे प्रेरित होकर बेहतर प्रदर्शन कर सकें। प्रमुख सचिव को बताया गया कि आईटीआई कैमोर व उमरियापान में भवन निर्माण के लिये भूमि आवंटन की अनुमति संबंधी प्रस्ताव संचालक कौशल विकास संचालनालय पर लंबित है। जिस पर उन्होंने शीघ्र अनुमति दिलाने की बात कही।
इस दौरान शासकीय आईटीआई के प्राचार्य देवेश कुमार मिश्रा, सहायक संचालक कौशल विकास भवानी सिंह पनिका, उपसंचालक कौशल विकास आयुष अग्रवाल, अनिल तिवारी आदि मौजूद रहे।


