छिन्दवाड़ा/16 नवंबर 2025/ जनजातीय स्वतंत्रता सेनानी भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के अवसर पर आज जन अभियान परिषद द्वारा पी.जी.कॉलेज सभागार छिंदवाड़ा में मुख्यमंत्री सामुदायिक नेतृत्व क्षमता विकास पाठ्यक्रम अंतर्गत संचालित एमएसडब्ल्यू, बीएसडब्ल्यू क्लास में जनजाति गौरव दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि समाजसेवी डॉ.गगन कोल्हे एवं जन अभियान परिषद के जिला समन्वयक श्री अखिलेश जैन, समाज सेवी परामर्शदाता श्री विनोद तिवारी, श्रीमती लता नागले, श्रीमती तृप्ति ठाकुर, श्री जय प्रकाश सूर्यवंशी, श्री आशीष साहू उपस्थित थे।
कार्यक्रम की शुरुआत बिरसा मुंडा के चित्र पर तिलक एवं पुष्पमाला अर्पित कर एवं दीप प्रज्ज्वलित कर की गई। जन अभियान परिषद के जिला समन्वयक श्री जैन ने कार्यक्रम की रूपरेखा बताते हुए कहा कि पूरे मध्यप्रदेश के 313 विकासखंड में भगवान बिरसा मुंडा जन्म जयंती मनाई जा रही है। इसी क्रम में छिंदवाड़ा/पांढुर्णा जिले के 11 विकासखंडों में मुख्यमंत्री सामुदायिक नेतृत्व क्षमता विकास पाठ्यक्रम के अंतर्गत संचालित कक्षाओं में आयोजन किया गया, जिसमें भगवान बिरसा मुंडा जी की जीवनी पर प्रकाश डाला गया एवं उनके द्वारा किए गए समाज के लिए जल-जंगल-जमीन एवं आदिवासी समाज के लिए अधिकार की लड़ाई का वर्णन किया गया।
मुख्य अतिथि डॉ. कोल्हे ने उनके स्वतंत्रता संग्राम संघर्ष में किए गए योगदान को स्मरण किया और आदिवासी समाज में जागृति लाने की उनकी भूमिका को रेखांकित किया। डॉ.कोल्हे ने बताया कि मुंडा जी ने समुदाय ही नहीं, बल्कि पूरे जनजातीय समाज में एक नई जागृति पैदा की। परामर्शदाता श्री विनोद तिवारी ने संबोधित करते हुए कहा कि बिरसा मुंडा ने अपने अल्प जीवन में जनजातीय समाज के हक और स्वाभिमान के लिए जो लड़ाई लड़ी, वह आज भी प्रेरणास्रोत है। बिरसा मुंडा केवल स्वतंत्रता सेनानी ही नहीं, बल्कि सामाजिक सुधारक भी थे। श्रीमती नागले ने बिरसा मुंडा के जीवन, संघर्ष और उनके आंदोलन की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि पर प्रकाश डाला। आदिवासियों को शराब, कुरीतियों और आपसी वैमनस्यता से दूर रहने का संदेश दिया। कार्यक्रम में समाजसेवी, परामर्शदाता, बीएसडब्ल्यू व एमएसडब्ल्यू के छात्रों की विशेष उपस्थिति रही।
*संवाददाता शुभम सहारे छिंदवाड़ा*


