शासकीय कन्या महाविद्यालय, कटनी में दिनांक 28 अक्टूबर 2025 को मध्यप्रदेश शासन, उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के क्रियान्वयन हेतु एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया।यह कार्यशाला अध्यादेश 14(1) के तहत स्नातक कक्षाओं एवं अध्यादेश 14(2) के तहत स्नातकोत्तर कक्षाओं की नवीन संरचना पर केंद्रित थी। प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात के कुशल मार्गदर्शन एवं डॉ. सुनील कुमार के संयोजन में आयोजित इस कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापक, सह प्राध्यापक, सहायक प्राध्यापक, अतिथि विद्वान तथा स्ववित्तीयअतिथि विद्वान सक्रिय रूप से सहभागी बने।
कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य NEP 2020 की नई शैक्षणिक ढांचे को समझाना एवं उसका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना था। प्रतिभागियों को अध्यादेशों की विस्तृत व्याख्या, पाठ्यक्रम की नवीन रूपरेखा, विषयवार प्रश्नपत्रों का प्रारूप, अंकों का विभाजन (जैसे सतत मूल्यांकन, सेमेस्टर परीक्षा एवं प्रैक्टिकल), क्रेडिट सिस्टम तथा बहु-विषयी दृष्टिकोण आदि पर गहन जानकारी प्रदान की गई। विशेष रूप से स्नातक स्तर पर 3-4 वर्षीय लचीली डिग्री संरचना (मल्टीपल एंट्री-एग्जिट विकल्प सहित) एवं स्नातकोत्तर स्तर पर 1-2 वर्षीय कार्यक्रमों की विशेषताओं पर चर्चा हुई।
प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात ने शिक्षकों से आह्वान किया कि वे इस नई नीति की बारीकियों को छात्राओं तक पहुंचाएं, उनकी जिज्ञासाओं का समाधान करें तथा बहु-आयामी शिक्षा को बढ़ावा दें। डॉ. सुनील कुमार ने पाठ्यक्रम के व्यावहारिक पहलुओं पर प्रकाश डाला। कार्यशाला में इंटरैक्टिव सत्रों के माध्यम से संदेह दूर किए गए, जिससे शिक्षकगण NEP के अनुरूप शिक्षण पद्धति अपनाने हेतु उत्साहित हुए।
यह आयोजन महाविद्यालय की छात्राओं के लिए गुणवत्तापूर्ण, कौशल-आधारित शिक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में सहायक हुआ। कार्यशाला ने NEP 2020 को जमीनी स्तर पर लागू करने की मजबूत नींव रखी।


