रिपोर्टर प्रिया दुबे
*एयर क्लीन प्रोग्राम सर्वे में जबलपुर ने 100 प्रतिशत अंक प्राप्त किये*
*पूरे मध्यप्रदेश के शहरों में जबलपुर की वायु गुणवत्ता में सर्वाधिक 27 प्रतिशत से अधिक का हुआ सुधार*
*नगर निगम जबलपुर मुम्बई, वाराणासी, धनबाद, भोपाल, इंदौर जैसे शहरों से भी निकला आगे-निगमायुक्त*
*शहरी की खराब सड़कों, खुली निर्माण साइट, धूल का स्तर बढ़ाने वाले कारणों में सुधार तथा उद्यानों, हरियाली विकसित करने से वायु गुणवत्ता में आया है सुधार-प्रीति यादव*
*नगर निगम जबलपुर द्वारा स्वच्छ पर्यवारण और स्वच्छ वायु की गुणवत्ता में सुधार लाने लगातार किये जा रहे हैं बेहतर प्रयास-निगमायुक्त*
जबलपुर। जबलपुर शहर की वायु गुणवत्ता में बेह्तर सुधार नगर निगम जबलपुर द्वारा निगमायुक्त श्रीमती प्रीति यादव के मार्गदर्शन में व्यापक एवं सार्थक प्रयास किये जा रहे हैं ।इस संबंध में निगमायुक्त श्रीमती यादव ने बताया कि उनके द्वारा शहर में हरित क्रांति,उद्यानों का विस्तारीकरण और आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में बड़े पैमाने पर कार्य किये गए हैं, जिसके परिणाम स्वरूप नगर निगम जबलपुर को इतनी बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है।उन्होंने बताया कि निगम का यह प्रयास आगे भी जारी रहेगा, ताकि शहर के नागरिक स्वच्छ वायु में अपने जीवन का आनंद ले सकें।
निगमायुक्त श्रीमती प्रीति यादव ने बताया कि निगम प्रशासन के प्रयासों के परिणाम स्वरूप ही नगर निगम जबलपुर त्यौहारों के समय शहर को स्वच्छ वायु गुणवत्ता कायम रखने में सफल हुआ है, प्रदेश के दूसरे शहरों की अपेक्षा जबलपुर की स्वच्छ वायु गुणवत्ता नागरिकों के लिए उत्कृष्ट है। इस संबंध में प्राप्त जानकारी के अनुसार पूरे मध्यप्रदेश के शहरों में जबलपुर शहर की सर्वाधिक 27 प्रतिशत से अधिक का सुधार आया है, जिसमें भोपाल – 9 प्रतिश, ग्वालियर – 6 प्रतिश, एवं इंदौर – 9 प्रतिशत, का सुधार आया हैं। एयर क्लीन प्रोग्राम सर्वे में जबलपुर ने 100 प्रतिशत अंक प्राप्त किये हैं। इस प्रकार जबलपुर शहर की वायु गुणवत्ता भोपाल, इन्दौर, और ग्वालियर से भी बेहतर है। वायु गुणवत्ता में किये गए बेहतर प्रयास के लिए नगर निगम जबलपुर को प्रोत्साहन राशि भी प्राप्त हुई है। निगमायुक्त श्रीमती प्रीति यादव ने बताया कि वायुगुणवत्ता के लिए चुने गए 136 शहरों में जबलपुर 100 प्रतिशत अंक प्राप्त करते हुए मुम्बई, वाराणासी, धनबाद, भोपाल, इंदौर जैसे शहरों से भी निकल गया है। निगमायुक्त ने बताया कि शहरी की खराब सड़कों को सुधारकर, खुली निर्माण साइट एवं धूल का स्तर बढ़ाने वाले कारणों में सुधार तथा उद्यानों, हरियाली को विकसित करने से वायु गुणवत्ता में सुधार आया है। निगमायुक्त श्रीमती प्रीति यादव ने शहर की वायु गुणवत्ता इसी प्रकार बनाए रखने हेतु आम जनमानस से अपील है कि किसी भी प्रकार के कचरे को ना जलाएं, निर्माण कार्य के दौरान ग्रीन नेट का उपयोग करें एवं निर्माण में उत्पन्न होने वाली सामग्री पर पानी का छिड़काव करें, जिससे आपके आस-पास की वायु स्वच्छ बनी रहे। मध्यप्रदेश के प्रमुख शहरो में भी बारिश उपरांत ऐसी स्थिति बनी थी किंतु विशेष पाबंदियां न होने के कारण फिर से वायु गुणवत्ता बिगड़ने लगी है। उपायुक्त संभव अयाची ने बताया कि जबलपुर नगर निगम द्वारा आवश्यक इंफ्रास्ट्रक्चर के अलावा प्रभावी रूप से कचरा जलाने, ग्रीन नेट का उपयोग न करने एवं मलमा सड़क पर पड़े होने पर चालानी कार्रवाई की गई है। यह कारवाई आगे भी जारी रहेगी।


