रिपोर्टर प्रिया दुबे
*गुरू के प्रति अपनी आस्था और विश्वास से भरी भावनाओं को प्रदर्शित करने का उत्सव है गुरू पूर्णिमा – महापौर जगत बहादुर सिंह ‘‘अन्नू’’*
जबलपुर। आज परम पावन एवं पुनीत अवसर गुरू पूर्णिमा के दिन महापौर जगत बहादुर सिंह ‘‘अन्नू’’ ने संस्कारधानी के सभी परम पूज्य संतगणों – गुरूजनों के प्रति भाव प्रगट करते हुए उनकी आराधना की कि ‘‘हे गुरूदेव प्रणाम आपके चरणों में, मेरा चारों धाम है आपके चरणों में’’ इस भाव को प्रदर्शित करते हुए महापौर श्री अन्नू ने पूज्य संतगणों एवं गुरूजनों के प्रति अपनी आस्था और विश्वास से भरी भावनाओं को प्रदर्शित किया और कहा कि गुरू के चरणों में उत्सव मनाना उनकी पूजा करना ही गुरु-पूर्णिमा है।
आज उन्होंने परम पूज्य गुरूदेव दण्डिस्वामी श्री कालिकानंद सरस्वती महाराज जी, जगतगुरु राघवदेवाचार्य महाराज जी, पूज्य गुरूदेव सुबुद्धानंद सरस्वती जी महाराज, पूज्य गुरूदेव नृसिंहदास महाराज जी, पूज्य गुरूदेव श्री नीरज भैया जी, पूज्य गुरूदेव ब्रम्हचारी चैतन्यानंद जी महाराज, पूज्य गुरूदेव राधे चैतन्य जी महाराज, विश्वनाथपुरी महाराज जी, पूज्य गुरूदेव अशोकानंद महाराज जी, पूज्य गुरूदेव रंजीतानंद जी महाराज, कुलगुरू (कुलपति) डॉ. राजेश वर्मा जी, एवं पूज्य स्वामी मुकुंदास महाराज जी की पादुका पूजन कर गुरू पूर्णिमा का उत्सव मनाया।
महापौर ने इस पुनीत अवसर पर पादुका पूजन के उपरांत कहा कि संस्कारधानी में सभी अपने-अपने अंदाज में गुरु-पूर्णिमा का उत्सव मनाया। आश्रमों से लेकर घरों तक में पारंपरिक अंदाज में गुरु पूर्णिमा मनाई गयी। महापौर ने संस्कारधानी के समस्त पूज्य गुरूजनों के प्रति अपना आस्था और विश्वास प्रगट करते हुए चरण वंदना करता हूॅं। उन्होंने कहा कि पूज्य गुरूजनों के बिना ज्ञान, संस्कार, और संसार अधूरा है।



