रिपोर्टर सीमा कैथवास
नर्मदापुरम। जिले में सरकारी समर्थन मूल्य पर ग्रीष्मकालीन मूंग एवं उड़द का समर्थन मूल्य पर खरीदी कार्य गोदाम स्तरीय उपार्जन केंद्र को प्रमुखता देते हुए कराया जा रहा हैं । कलेक्टर सोनिया मीना के दिशा निर्देशन में लगातार बैठके आयोजित कर जिला स्तरीय उपार्जन समिति द्वारा खरीदी का कार्य कराया जा रहा है। इसके बाद भी मूंग
खरीदी कार्य शुरू होने के साथ ही गड़बड़ियां सामने आने लगी हैं। लगातार मिल रही शिकायतों और गड़बड़ियों पर जिला विपणन अधिकारी द्वारा मूंग उपार्जन कार्य में लापरवाही बरतने पर 17 सर्वेयर सहित एक सुपरवाइजर को खरीदी कार्य से अलग कर किया जा चुका है। बताया जाता है कि खरीदी केंद्रों पर किसानों की मूंग रिजेक्ट करने सहित सर्वेयर एवं समिति प्रबंधक द्वारा सैंपल की मात्रा एक से डेढ़ किलो तक किसानों की ट्राली से लिया जा रहा हैं और पास करने के नाम पर प्रति ट्रॉली पैसे भी मांगे जा रहे हैं। इस तरह किसानों को लूटा जा रहा है परंतु रसूखदार वेयरहाउस संचालक सहित समितियो के आगे बेबस और लाचार किसान किसी तरह किसान संघ तक अपनी शिकायत पहुंचा कर फसल बेचने की गुहार लगाता नजर आता है। सूत्रों की माने तो खरीदी केंद्रों पर अन्य जिले से व्यापारियों की मूंग आने की खबर सुर्खियों में हैं। सूत्र यह भी बताते हैं कि अधिकांश खरीदी केंद्र रसूखदार वेयरहाउस संचालकों के पास बनाए गए हैं। कलेक्टर सोनिया मीना द्वारा उपार्जन केंद्रों में हो रही गड़बड़ियों सहित किसानों की पहुंच रही शिकायतों पर कारवाही निराकरण के लिए जिला उपार्जन समिति बनाई गई है, जिसमें उपसंचालक कृषि जेआर हेड़ाऊ, जिला प्रबंधक वेयरहाउसिंग वासुदेव दवंडे, जिला विपणन अधिकारी देवेंद्र यादव की जिला स्तरीय टीम को जांच सहित कार्यवाही के निर्देश दिए हुए है। जिसके तहत गुरुवार शुक्रवार को जिला स्तरीय उपार्जन टीम द्वारा गोदाम स्तरीय खरीदी केंद्रों का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। इस दौरान खरीदी केंद्र में काफी गड़बड़ियां पाई गई । जिसमें शिवशंकर वेयर हाउस बहारपुर माखन नगर, उपार्जन संस्था सेवा सहकारी समिति महुआखेड़ा, और शकुंतला वेयरहाउस गजनई , तहसील सोहागपुर, उपार्जन संस्था सेवा सहकारी समिति खिड़ीया सहित तहसील डोलरिया के अंतर्गत उपार्जन केंद्र राधाकृष्ण वेयरहाउस सोनखेड़ी, उपार्जन संस्था सेवा सहकारी समिति नानपा, सिवनीमालवा तहसील के अंतर्गत उपार्जन केंद्र शिवशंकर वेयरहाउस सोमलवाडा, उपार्जन संस्था सेवा सहकारी समिति कोठरा का आकस्मिक निरीक्षण किया गया। जिनमें अनेक गड़बड़ियां पाई गई। एक जगह तो 3000 क्विंटल मूंग का एक बड़ा ढेर अनेक किसानों का स्टॉक मिलाकर उपार्जन हेतु संग्रहित किया पाया गया। एक उपार्जन केंद्र पर भौतिक सत्यापन करने पर गोदाम में चार स्टैग लगे हुए पाए गए। यहां पर 6681 बोरियों के हैंडलिंग चालान जारी किए गए थे परंतु 4478 बोरियां स्टैग में अधिक लगी हुई पाई गई। जिनमें हैंडलिंग चालान जारी होना नहीं पाए गए। गोदाम के अंदर 11 किसानों के मूंग के ढेर पाए गए।जिसमें चार मूंग के ढेर सर्वेयर द्वारा परीक्षण करने पर अमानक स्तर पर नॉन एफएक्यू पाया गया। वहीं एक मूंग का ढेर किस किसान का है, खरीदी समिति नहीं बता सकी। वही एक उपार्जन केंद्र के अंदर गोदाम में लगभग 250 से 300 पैक्ड मूंग की बोरियों का नमूना लेने पर उसमें भारी मात्रा में दाल एवं मिट्टी मिली हुई पाई गई। सूत्रों के अनुसार कलेक्टर द्वारा उपार्जन केंद्रों पर मिली गड़बड़ी को लेकर वेयर हाऊस संचालकों के खिलाफ वैधानिक कार्यवाही के लिए निर्देश की खबर से खासा हड़कंप मचा हुआ है।


