रिपोर्टर सीमा कैथवास
भोपाल। राजधानी की सुप्रसिद्ध
कवियत्री डॉक्टर संगीता भारद्वाज द्वारा रचित काव्य संग्रह यादों के पलाश और यात्रा वृतांत पुस्तकों का विमोचन कार्यक्रम तुलसी साहित्य अकादमी के तत्वाधान में दुष्यंत सभागार में हुआ। इस अवसर पर उनकी कविताओं पर बनाए गए प्रख्यात चित्रकार जयंत भारद्वाज और उनकी मधुर गायिका पुत्री अनविता मोली द्वारा बनाए गए चित्र पोस्टरो की प्रदर्शनी भी लगाई गई थी। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉक्टर साधना बलवते ने की। डा मोहन तिवारी आनंद मुख्य अतिथि थे और सारस्वत अतिथि कवि पत्रकार पंकज पटेरिया थे। डॉक्टर आनंद ने संगीता की रचनाओं की भूरी भूरी प्रशंसा की और यात्रा वृतांत को सुरुचिपूर्ण बताया डॉ मोहन तिवारी ने लेखिका के काव्य कौशल को सराहा डॉ विनय राजाराम ने प्रख्यात चित्रकार जयंत भारद्वाज के चित्रों की भूरी भूरी प्रशंसा की। कवि पत्रकार पंकज पटेरिया ने अपने उद्बोधन में कहा संगीता की कविताएं बहुत अपनी लगती है। अपनी कविताओं में प्रेम ही नहीं वक्त की कठोरता से भी जूझती प्रतीत होती है। जयंत के चित्र पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा एक चित्र 100 समाचारों के बराबर होता है। साहित्य कार सुरेश पटवा ने पुस्तक की सार्थक समीक्षा की इस अवसर पर अन्विता मौली ने मधुर कंठ से सरस्वती वंदना प्रस्तुत की। कार्यक्रम का कुशल संचालन साहित्यकार गोकुल सोनी ने किया। एवं आभार साहित्यकार श्री मदन ने किया। कार्यक्रम में शुभागत भारद्वाज सहित बड़ी संख्या में श्री साईं समिति के सदस्य नगर के साहित्यकार आदि उपस्थित थे।


