कटनी (24 अक्टूबर)- पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने ग्राम पंचायतों में कार्यालयों के नियमित संचालन, कर्मचारियों की उपस्थिति तथा शासकीय अभिलेखों और सामग्री के रखरखाव को लेकर सख्त निर्देश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के दौरान क्षेत्रीय भ्रमण में सामने आई अनियमितताओं के बाद विभाग ने पंचायतों की कार्यप्रणाली दुरुस्त करने पर जोर दिया है। जिला पंचायत सीईओ सुश्री हर सिमरनप्रीत कौर ने निर्देशों का अक्षरश: पालन करने सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि निर्देशों की अवहेलना एवं लापरवाही पाए जाने पर दोषी लोक सेवकों पर कड़ी कार्यवाही होगी।
*प्रमुख निर्देश एक नजर में:-*
नियमित कार्यालय संचालन: पंचायत भवन उपलब्ध होने पर निर्धारित कार्यालयीन समय में कार्यालय खोलना अनिवार्य होगा।
वैकल्पिक व्यवस्था: पंचायत भवन नहीं होने अथवा भवन के जीर्णशीर्ण या अपर्याप्त होने पर शासकीय सामुदायिक या बहुउद्देशीय भवन से कार्यालय संचालित किया जाएगा।
निजी निवास पर प्रतिबंध: किसी भी स्थिति में सरपंच, पंचायत सचिव या ग्राम रोजगार सहायक के निजी निवास से पंचायत कार्यालय संचालित नहीं किया जाएगा। शासकीय सामग्री का रखरखाव: पंचायत के अभिलेख, फर्नीचर, टीवी, कंप्यूटर और अन्य सामग्री को व्यवस्थित रूप से पंचायत भवन में रखा जाएगा।
आकस्मिक निरीक्षण: खंड पंचायत अधिकारी (BPO) एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत द्वारा पंचायतों का औचक निरीक्षण कर कार्यालय संचालन और सामग्री का भौतिक सत्यापन किया जाएगा।
*अनुपस्थिति पर कार्रवाई:-* बिना सूचना या अनधिकृत रूप से अनुपस्थित रहने तथा कार्यालय संचालन में लापरवाही बरतने वाले पंचायत सचिवों एवं ग्राम रोजगार सहायकों के विरुद्ध नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। जिला पंचायत की सीईओ सुश्री हर सिमरनप्रीत कौर ने सभी जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों को सतत निगरानी रखने और ग्राम पंचायतों में निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं।
*उद्देश्य:-* ग्राम पंचायत कार्यालयों में पारदर्शिता, जवाबदेही और नियमित कार्यप्रणाली सुनिश्चित करना, ताकि ग्रामीणों को शासकीय सेवाओं का लाभ समय पर मिल सके।


