कटनी जिले की रीठी जनपद पंचायत क्षेत्र की ग्राम पंचायत इमलाज, खमरिया नंबर1, खमरिया नंबर2, सिमरा कला, परोहा पिपरिया, रेपुरा, इमलाज आदि में स्टांप शुल्क राज्य स्तर योजना के तहत, लगभग 37 लाख रुपए की लागत से नवीन पंचायत भवन का निर्माण कार्य हो रहा है l
निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय ग्रामीणों आरोप है कि पंचायत सरकार भवन के नाम पर सरकारी पैसे की खुली लूट मची हुई है। निर्माण स्थल पर घटिया सामग्री का उपयोग किया जा रहा है, और सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि कही भी मौके पर न तो कोई सूचना बोर्ड लगाया गया है और न ही यह स्पष्ट किया गया है कि आखिर ये भवन किस योजना के अंतर्गत और किन उद्देश्यों से बन रहा है।ग्रामीणों का कहना है कि “बिना साइन बोर्ड के निर्माण कार्य पूरी तरह से संदेहास्पद और गैरकानूनी है। न तो यह बताया गया है कि यह भवन पंचायत सरकार का है या कोई और कार्यालय, न लागत की जानकारी है और न ही निर्माण एजेंसी की पारदर्शिता दिख रही है। ऐसे में सवाल उठता है कि आख़िर यहाँ बन क्या रहा है।स्थानीय लोगों ने बताया कि निर्माण कार्य में गुणवत्ताहीन सामग्री का प्रयोग हो रहा है। इनकी भ्रष्टाचार की जड़ें इतनी मजबूत है की एसडीओ ,उपयंत्री से लेकर विभागीय अधिकारियों की मिलीभगत भी इसमें गहराई तक शामिल है।
यह निर्माण कार्य सरकार के विकास मॉडल और पारदर्शिता की पोल खोलने के लिए पर्याप्त है। जिन पंचायत भवनों को “सुशासन” की नींव माना जाता है, वे ही अगर भ्रष्टाचार की बुनियाद पर खड़े किए जाएंगे, तो ग्रामीण विकास एक दिखावा बनकर रह जाएगा।
ग्रामीणों ने मांग की है कि इस निर्माण कार्य की उच्चस्तरीय जांच करा, हो रहे निर्माण कार्य को सही तरीके से निर्माण कार्य किया जाए ।
हरिशंकर बेन


