रिपोर्टर सीमा कैथवास
नर्मदापुरम। देश की आजादी में अहम योगदान देने वाले महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पंडित शंभू दयाल मिश्रा के पोते आनंद मिश्रा पुत्र स्व. अश्विनी कुमार मिश्रा स्वतंत्रता संग्राम सेनानी प्रेम कुटी, सदर बाजार, नर्मदापुरम द्वारा जिला प्रशासन से स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पंडित शंभू दयाल मिश्रा की संपत्ति को ट्रस्ट में मर्ज किए जाने की गुहार लगाई हुई है। उक्त विषय को लेकर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के पोते आनंद मिश्रा द्वारा पंजीयक लोक न्यास एवं अनुविभागीय अधिकारी नर्मदापुरम को विधिवत आवेदन देकर स्वर्गीय पं.शंभू दयाल मिश्रा के नाम की अचल संपत्ति को न्यास के अधीन किए जाने की गुहार लगाई हुई है। आनंद मिश्रा ने अवगत कराया कि देश की आजादी में महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पंडित शंभू दयाल मिश्रा का विशेष योगदान रहा है।वह 7 वर्ष सिविल जज रहने के बाद महात्मा गांधी के आह्वान पर नौकरी से त्यागपत्र देकर देश की आजादी में भाग लिया। जिसके कारण उन्हें दो वर्ष कारावास में भी रहना पड़ा। सन 1947 के पूर्व 18 साल सेंट्रल असेंबली के सदस्य भी रहे। वे जिला बार होशंगाबाद(नर्मदापुरम) के अध्यक्ष भी थे। उनके निवास पर महात्मा गांधी,पंडित जवाहरलाल नेहरू सहित देश के गणमान्य नेताओं का आगमन, रुकना एवं प्रादेशिक बैठके भी होती थी। ऐसे महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी की जमीन पर अवैध व्यावसायिक निर्माण हो गया है, जिससे ऐतिहासिक मकान की पवित्रता और शांति भंग हुई है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संपूर्ण राष्ट्र के होते हैं। ऐसी स्थिति में उनकी धरोहर को बचाया जाए और सही स्वरूप दिया जा सके। आनंद मिश्रा ने अवगत कराया कि स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पंडित शंभू दयाल मिश्रा के नाम से एक चैरिटेबल ट्रस्ट का गठन मध्यप्रदेश पब्लिक ट्रस्ट एक्ट 1951 के तहत पंजीकृत किया गया है। उक्त न्यास का उद्देश्य समाज सेवा के कुछ प्रकल्प, शिक्षा के क्षेत्र में, संचार उच्च शिक्षा का प्रचार प्रसार, स्वास्थ्य के क्षेत्र में, पर्यावरण के क्षेत्र में, कृषि एवं युवाओं एवं खेलकूद क्षेत्र में एवं महिला सशक्तिकरण कार्य करना जैसे उद्देश्य शामिल है। संपत्ति के दुरुपयोग को रोकने हेतु स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय शंभू दयाल मिश्रा चैरिटेबल लोक न्यास होशंगाबाद अब नर्मदापुरम की ट्रस्ट पंजी के कलम 7 में मर्ज कराना चाहते हैं। जिससे कि उक्त संपत्ति का दुरुपयोग ना हो और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी स्वर्गीय पं. शंभूदयाल मिश्रा की संपत्ति का सदुपयोग समाजसेवा के कार्यों में किया जा सके।


