*संतोषजनक उत्तर नहीं मिलने पर मध्यप्रदेश पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम 1999 के तहत होगी अनुशासनात्मक कार्रवाई*
कटनी (5 नवंबर )-विकासखंड बहोरीबंद की ग्राम पंचायतों में शासकीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही और कार्यालयीन अनुशासनहीनता को लेकर जिला पंचायत सीईओ सुश्री हर सिमरनप्रीत कौर ने सख्त रुख अपनाया है। ग्राम पंचायत कार्यालयों में अनुपस्थित रहने तथा प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के अंतर्गत आवासों की पूर्णता में अपेक्षित प्रगति नहीं होने पर संबंधित सचिवों एवं ग्राम रोजगार सहायकों को कारण बताओ (शोकाज) नोटिस जारी किए गए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम पंचायत जुझारी के सचिव तुलसीराम पटेल एवं ग्राम रोजगार सहायक अजय पाल, ग्राम पंचायत तिगवां के सचिव कमल झरिया एवं ग्राम रोजगार सहायक सनत पटेल तथा ग्राम पंचायत अमरगढ़ एवं मवई के सचिव गोविंद पटेल को नोटिस जारी कर तीन दिवस के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। उल्लेखनीय है कि सहायक परियोजना अधिकारी, जिला पंचायत कटनी द्वारा किए गए भ्रमण के दौरान ग्राम पंचायत जुझारी एवं तिगवां के संबंधित लोक सेवक कार्यालय में अनुपस्थित पाए गए। इतना ही नहीं, भ्रमण के दौरान ग्राम पंचायत कार्यालय भी बंद मिले। इस कारण निर्धारित लक्ष्य के विरुद्ध प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के अंतर्गत आवास पूर्णता की स्थिति सहित व्हीबी-जी रामजी एवं स्वच्छ भारत मिशन (एसबीएम) से संबंधित महत्वपूर्ण कार्यों की समीक्षा भी नहीं हो सकी। जिला पंचायत सीईओ ने ने इस स्थिति को शासकीय कार्यों के प्रति लापरवाही एवं जिम्मेदारियों के निर्वहन में उदासीनता मानते हुए संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों से जवाब तलब किया है। जारी नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि निर्धारित तीन दिवस की समय-सीमा में जवाब प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा।
संतोषजनक जवाब नहीं मिलने या निर्धारित समयावधि में स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं करने की स्थिति में संबंधितों के विरुद्ध मध्यप्रदेश पंचायत सेवा (अनुशासन तथा अपील) नियम, 1999 के तहत अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से स्पष्ट संकेत है कि शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन, हितग्राहियों को समय पर लाभ दिलाने और पंचायत कार्यालयों में नियमित उपस्थिति को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


