भोपाल। मानसून की विदाई का समय नजदीक आने के बावजूद मध्यप्रदेश में बारिश का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। प्रदेश के जबलपुर, सागर, शहडोल और रीवा संभागों में बीते करीब तीन दिनों से कई स्थानों पर लगातार बारिश दर्ज की जा रही है।
लगातार बारिश के चलते कई नदी-नालों में पानी का स्तर बढ़ गया है। जलस्तर और पानी की आवक बढ़ने के कारण बरगी, जोहिला और बिलगांव बांधों से अतिरिक्त पानी की निकासी के लिए गेट खोलने पड़े हैं।
7 जिलों में तेज बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार रविवार को मुरैना, भिंड, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, सतना और रीवा जिलों में तेज बारिश की संभावना जताई गई है। इन क्षेत्रों में मौसम के बिगड़ने और स्थानीय स्तर पर जलभराव जैसी स्थिति बनने की संभावना को देखते हुए सतर्क रहने की जरूरत है।
35 इंच से ज्यादा बारिश दर्ज
प्रदेश में अब तक औसतन करीब 35.6 इंच बारिश दर्ज की जा चुकी है। यह सामान्य औसत के 95 प्रतिशत से अधिक है। मानसून के शेष दिनों में यदि बारिश जारी रहती है तो प्रदेश की कुल मौसमी बारिश का आंकड़ा और ऊपर जा सकता है।
हालांकि प्रदेशभर में बारिश का वितरण समान नहीं रहा है। कुछ जिलों में सामान्य से अधिक बारिश हुई है, जबकि कई जिले अभी भी सामान्य वर्षा के आंकड़े से पीछे हैं। अब तक 25 जिलों में सामान्य बारिश का लक्ष्य पूरा हो चुका है, जबकि करीब 30 जिलों में बारिश सामान्य से कम दर्ज की गई है।
इन जिलों में भी बारिश के आसार
रविवार को भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, आलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, शाजापुर, देवास और रतलाम में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है।
इसके अलावा नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, श्योपुर, जबलपुर, कटनी, छिंदवाड़ा, सिवनी, नरसिंहपुर, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, पांढुर्णा, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना और दमोह में भी बारिश होने की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में मानसून की गतिविधियां अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं। आने वाले दिनों में भी कई हिस्सों में बारिश का दौर देखने को मिल सकता है।
फाइल फोटो


