रिपोर्टर सीमा कैथवास
नर्मदापुरम। नगर पालिका कर्मचारी मजदूर संघ,सीनियर सिटीजन कर्मचारी नेता महेश वर्मा ने विज्ञप्ति जारी कर बताया है कि नगरपालिका की स्थापना शाखा से बिना सूचना दिए महिला कर्मचारी की ई-अटेन्डेंस आईडी ब्लाक की गई थी। विगत एक माह के पश्चात ब्लाक की गई ई-अटेन्डेंस आईडी बिना सूचना दिए चालू भी कर दी गई। विभागीय उपस्थिति पंजी में वार्ड सफाई जमादार सुपरवाइजर के द्वारा एवं वार्ड पार्षद के द्वारा सफाई कार्य किये जाने का प्रमाणीकरण देने के बाद भी दिनांक 22 मई से 19 जून 2026 तक मिलीभगत व तत्कालीन नगरपालिका सीएमओ की पक्षपात पूर्ण कार्यवाही के कारण ई-अटेन्डेंस आईडी को आधार बनाकर कार्य करने के पश्चात भी जो मासिक वेतन काटा गया है उसका भुगतान महिला कर्मचारी को किया जावे। उक्त विषय को लेकर नगरपालिका अध्यक्ष, सीएमओ, कलेक्टर, संभाग संयुक्त संचालक, संचनालय आयुक्त भोपाल, प्रमुख सचिव भोपाल को शिकायती पत्र देकर बारम्बार अवगत कराया गया। सभी के द्वारा अनदेखा किया गया। वहीं 4 अगस्त को कलेक्टर की जनसुनवाई में महिला कर्मचारी अपने परिवार सहित काटे गए मासिक वेतनों का भुगतान की मांग को लेकर गई थी परंतु उनकी बात सुने ही बदतमीजी का आरोप लगाकर महिला कर्मचारी, उसके पति, पुत्री को थाना कोतवाली शहर में लगभग छः घंटे तक बिना किसी आरोप के नजरबंद कराया गया। महिला कर्मचारी व उनके पति हार्ट, वीपी, शुगर, सांस फूलना, थाइराइड के मरीज हैं, उसके बावजूद पूरे परिवार को शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया है।
वहीं नगर पालिका के जवाबदारों द्वारा किए गए आर्थिक व मानसिक शोषण के कारण व शासन, प्रशासन, परिषद की उपेक्षा पूर्ण कार्यवाही को लेकर सफाई महिला कर्मचारी के द्वारा सशर्त सेवानिवृत्ति दिये जाने हेतु माननीय उच्च न्यायालय की शरण ली है। उच्च न्यायालय में प्रकरण 38264/2026 दिनांक 11/09/2026 के माध्यम से नोटिस जारी करवाने की कार्यवाही अधिवक्ता श्रीमती सुधा गौतम के माध्यम से कराई गई है। सभी संबंधितों को माननीय न्यायालय द्वारा कार्यवाही किये जाने हेतु चार सप्ताह का समय दिया गया है।


