कटनी (24 जून) – आगामी वर्षा ऋतु के दौरान नगर में जलभराव की समस्या को रोकने तथा नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से निगम प्रशासन द्वारा की जा रही तैयारियों की बुधवार को आयुक्त सुश्री तपस्या परिहार द्वारा समीक्षा की जाकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में नगर के निगमायुक्त सुश्री परिहार द्वारा नगर के विभिन्न चिन्हित स्थानों एवं नगर के विभिन्न वार्डो में संभावित जलभराव क्षेत्रों में की गई कार्यवाहियों, नाला-नाली सफाई, जल निकासी व्यवस्था, अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई तथा आपदा प्रबंधन संबंधी तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में कार्यपालन यंत्री अंशुभान सिंह, सहायक यंत्री अनिल जायसवाल, आदेश जैन, जायेन्द्र प्रताप सिंह बघेल, उपयंत्री संजय मिश्रा, पवन श्रीवास्तव, मृदुल श्रीवास्तव, हिमांशु गौतम, राज ललित गुमास्ता, अतिक्रमण प्रभारी मानेन्द्र सिंह, स्वच्छता निरीक्षक निशांत कनौजिया सहित स्वास्थ्य शाखा के स्वच्छता निरीक्षकों एवं विभागीय कर्मचारी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान आयुक्त ने स्वच्छता निरीक्षकों से उनके वार्ड के नाले एवं नालियों की सफाई व्यवस्था की क्षेत्रवार प्रगति की जानकारी प्राप्त की तथा शेष कार्य को शीघ्र पूर्ण कराते हुए संवेदनशील एवं जलभराव प्रभावित क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वर्षा ऋतु के दौरान नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्था पूर्व से ही सुनिश्चित की जाएं।
निगमायुक्त ने जल निकासी में बाधा उत्पन्न करने वाले अतिक्रमणों को नोटिस जारी कर हटाने की कार्यवाही करने, नाला सफाई उपरांत मलबे को शीघ्र उठाने, मुख्य मार्ग के जल भराव वाले मार्ग में मुख्य मार्ग एवं नाली के बीच चैनल बनाकर जल निकासी की समुचित व्यवस्था करने के साथ ही बंधवा टोला, कुम्हार मोहल्ला, झिंझरी, अर्जुन पैलेस के पीछे, सागर पुलिया, जैन काॅलोनी राणा होटल के पास का नाला, गांधी गंज स्थित नारायण दाल मिल के पास का नाले से समुचित जल निकासी की व्यवस्था कराने के नागरिकों की सुविधा एवं सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए खुले एवं खतरनाक नालों को ढकने, वार्ड के गड्ढों की फिलिंग कराने के साथ ही बाजार क्षेत्रों की नालियों से सुगम जल निकासी हेतु समुचित कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
निगमायुक्त सुश्री तपस्या परिहार ने निर्देशित किया कि सभी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों का नियमित निरीक्षण करें तथा प्राप्त शिकायतों का त्वरित निराकरण सुनिश्चित करें। साथ ही वर्षा के दौरान किसी भी तरह की आपात परिस्थितियों से निपटने के लिए आवश्यक मशीनरी, टुल्लू पंप, विद्युत कनेक्शन, वाहन एवं कर्मचारियों की उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए गए।


