आज मप्र स्टेट कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन की बैठक में निर्देश दिए कि प्रदेश में किसान कल्याण वर्ष के अंतर्गत दुग्ध उत्पादन, उसकी प्रोसेसिंग और उससे किसानों को लाभ सुनिश्चित करें।
स्कूलों में अगले शिक्षा सत्र से विद्यार्थियों को साँची के माध्यम से दूध का टेट्रा पैक दिया जाएगा। इसके लिए व्यापक प्रबंध किए जाएं। राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड द्वारा साँची दुग्ध संघों को दिए जा रहे सहयोग से प्रदेश में दुग्ध संकलन 8.75 लाख से 12 लाख लीटर बढ़ा है। विगत एक वर्ष में दुग्ध पर 8 से 10 रुपए प्रति लीटर का अतिरिक्त लाभ किसानों को मिल रहा है।
इस क्रम में 45 लाख लीटर के दूध संयंत्र निर्माण तथा साँची डेयरी विकास योजना से 26 हजार गांवों को जोड़ने के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए।
शिवपुरी में दूध प्रोसेसिंग प्लांट का निर्माण तथा ग्वालियर में प्लांट का उन्नयन जारी है। ऐप के माध्यम से किसानों को दूध उत्पादकता और भुगतान की जानकारी सुनिश्चित हो रही है। भुगतान व्यवस्था को सहकारी बैंकों से जोड़ा जा रहा है।


