विजयराघवगढ़,
मध्यप्रदेश सरकार द्वारा ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी स्व-सहायता समूह (SHG) की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई महत्वाकांक्षी योजना “एक बगिया माँ के नाम” जमीनी स्तर पर सकारात्मक परिणाम देने लगी है। इस योजना के अंतर्गत महिलाओं की निजी भूमि पर फलदार बगिया विकसित करने के साथ आधुनिक ड्रिप सिंचाई (Drip Irrigation System) की सुविधा प्रदान की जा रही है, जो उनके आर्थिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
योजना के तहत पात्र SHG महिलाओं को अपनी 0.5 से 1 एकड़ भूमि पर फलदार पौधे लगाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। शासन द्वारा पौधे, खाद, कंटीले तार की फेंसिंग तथा सिंचाई के लिए जलकुंड निर्माण की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। इसी क्रम में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर जनपद पंचायत विजयराघवगढ़ में आयोजित कार्यक्रम में अदाणी फाउंडेशन के सहयोग से पात्र हितग्राहियों को ड्रिप इरिगेशन सिस्टम का सामूहिक वितरण किया गया। कार्यक्रम में जिला पंचायत कटनी की मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) श्रीमती हरसिमरनप्रीत कौर, IAS की उपस्थिति रही।
विशेषज्ञों के अनुसार ड्रिप सिंचाई प्रणाली के माध्यम से पौधों की जड़ों तक बूंद-बूंद पानी सीधे पहुंचता है, जिससे 60 से 70 प्रतिशत तक पानी की बचत होती है। यह तकनीक पानी की कमी वाले क्षेत्रों में खेती के लिए अत्यंत लाभकारी है। इससे पौधे स्वस्थ रूप से विकसित होते हैं और भविष्य में महिलाओं को फल उत्पादन से अच्छी आय प्राप्त होने की संभावना रहती है।
फलदार पौधों की दो कतारों के बीच की भूमि में अंतरवर्ती (इंटरक्रॉपिंग) खेती भी की जा सकती है। इससे शुरुआती 2–3 वर्षों में, जब तक फलदार पौधों में फल नहीं आते, तब तक महिलाओं को अतिरिक्त आय का स्रोत मिलता रहेगा।
आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम
इस परियोजना के अंतर्गत प्रत्येक ब्लॉक में कम से कम 100 महिलाओं का चयन किया गया है, जिन्हें तकनीकी प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। इस पहल से न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिल रहा है, बल्कि स्व-सहायता समूह की महिलाएं अपनी आय बढ़ाकर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन रही हैं।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि श्रीमती हरसिमरनप्रीत कौर, IAS ने अपने उद्बोधन में कहा कि मध्यप्रदेश सरकार की दूरदर्शी योजनाएं ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने इस योजना में अदाणी फाउंडेशन के सहयोग का स्वागत करते हुए इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में प्रभावी पहल बताया।
कार्यक्रम में ये रहे उपस्थित
कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सुधा कोल, जनपद पंचायत उपाध्यक्ष श्री उदयराज सिंह, SDM विजयराघवगढ़ श्री विवेक गुप्ता, नगर परिषद अध्यक्ष विजयराघवगढ़ श्रीमती राजेश्वरी दुबे, नगर परिषद अध्यक्ष कैमोर श्रीमती पलक नामित ग्रोवर, नगर परिषद उपाध्यक्ष कैमोर श्रीमती राजेश्वरी दुबे, भाजपा जिला मंत्री संतोष केवट, भाजपा मंडल अध्यक्ष श्रीराम सोनी, भाजपा महिला मोर्चा जिला महामंत्री श्रीमती सुनीता दाहिया, CMO नगर परिषद श्री मनीष पार्थे, जनपद पंचायत CEO श्री ब्रतेश जैन, BMO श्री विनोद कुमार, OHC कैमोर सीमेंट श्रीमती सोमा श्रीवास्तव सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।
जनपद पंचायत उपाध्यक्ष श्री उदयराज सिंह ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए अदाणी फाउंडेशन, जनपद पंचायत और मध्यप्रदेश ग्रामीण आजीविका मिशन की टीम की सराहना करते हुए सभी महिला प्रतिभागियों को शुभकामनाएं दीं।
मध्यप्रदेश ग्रामीण आजीविका मिशन की ओर से DPM श्रीमती सबाना बेगम के मार्गदर्शन में ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर श्री विवेक द्विवेदी, श्री प्राणेंद्र गुप्ता, श्रीमती रानी गुप्ता और श्री अरविंद्र मिश्रा ने हितग्राही चयन, प्रशिक्षण एवं सामग्री वितरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
अदाणी फाउंडेशन का प्रतिनिधित्व एनेट एफ. बिस्वास ने किया। उन्होंने अपने संबोधन में फाउंडेशन द्वारा CSR के अंतर्गत किए जा रहे विभिन्न प्रयासों की जानकारी देते हुए कहा कि सरकार और कॉर्पोरेट के संयुक्त प्रयास से इस प्रकार की योजनाएं ग्रामीण विकास को नई दिशा दे रही हैं।
कार्यक्रम में विजयराघवगढ़ ब्लॉक की विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं को भी मुख्य अतिथि द्वारा सम्मानित किया गया।
इस आयोजन को सफल बनाने में अदाणी फाउंडेशन की टीम के पंकज द्विवेदी, अमित सोनी, विशाल पटेल, प्रमोद कुमार, जितेश विश्वकर्मा, बंदना डेविड, विभा पटेल, अयोध्या तिवारी, पारसमणि पटेल, अरुणा थापा, महेश कुमार, रामेश्वर गुप्ता, नरेंद्र चौरसिया तथा प्रतीक मिश्रा का विशेष सहयोग रहा।


