लक्ष्य को पूरा करने के नाम 30 बिस्तरों का अस्पताल होने के बावजूद भी आज 31 दिसंबर को कटनी जिले की रीठी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में परिसर का गेट बंद कर, थोक के भाव महिलाओं की नसबंदी ऑपरेशन किया गया,,l
अस्पताल परिसर का गेट बंद किए जाने पर परिजनों की तो दूर की बात है मीडिया तक को अंदर आने नही दिया गया l ताकि अस्पताल प्रबंधक सहित एलटीटी शिविर मैं लगाई गई ड्यूटी के कर्मचारीयो सच्चाई उजागर ना हो सके ।
जिसकी सूचना मिलते ही रीठी जनपद अध्यक्ष प्रभारी, प्रकाश साहू अपने जनप्रतिनिधियों के साथ अस्पताल पहुंचे और एलटीटी शिविर का मुआयना करते हुए देखा कि कड़कठाती ठंड मैं भी मरीजों को कंबल तक नसीब नही हुए । वही पर्याप्त व्यवस्था न होने पर भी ऑपरेशन वाली महिलाओ को एक ही बेड पर दो,दो महिलाओ को लिटाया गया था । बाकी महिलाओ को लावारिशो की तरह गद्दा बिछा जमीन पर लिटाया दिया गया l जबकि नसबंदी जैसे ऑपरेशन की, गाइडलाइन की अगर बात करें तो महिलाओं को फर्श पर नहीं लिटाया जा सकता। करीबन तीन माह तक ऑपरेशन के बाद से महिला को बैड पर ही लेटना पड़ता है। ऐसा नहीं करने पर महिलाओं को अन्य किसी प्रकार की शारीरिक क्षति भी पहुंच सकती है। आरोप यह भी है कि ऑपरेशन के बाद महिलाओं को गोद में उठाकर ही वार्ड तक ले जाया जा रहा था । जिस पर
मरीजों के हित को लेकर प्रभारी जनपद अध्यक्ष प्रकाश साहू ने जमकर नाराजगी जाहिर की और जिला कलेक्टर से कार्यवाही किए जाने की बात कही l
हरिशंकर बेन


