मध्य प्रदेश के रीवा जिले से सरकारी कर्मचारियों पर हमले की चौंकाने वाली वारदात सामने आई है। मनगवां तहसील के रघुराजगढ़ गांव में सीएम हेल्पलाइन शिकायत का निपटारा करने पहुंची राजस्व विभाग की टीम को ही स्थानीय लोगों ने बंधक बना लिया।
सूत्रों के मुताबिक, आरोपियों ने महिला पटवारी समेत चार कर्मचारियों को कमरे में बंद कर जमकर मारपीट की। घटना के बाद पूरे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया।
🔹 क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, कलेक्टर के निर्देश पर 2 अक्टूबर तक सीएम हेल्पलाइन शिकायतों के निराकरण के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत राजस्व निरीक्षक (आरआई) सोने प्रजापति, पटवारी कौशल कोल, अक्षय मिश्रा और महिला पटवारी शैली बोदचे की टीम रघुराजगढ़ गांव भेजी गई थी।
टीम का उद्देश्य शिकायतकर्ता कर्णध्वज सिंह की हेल्पलाइन शिकायत का समाधान करना था। लेकिन जैसे ही टीम मौके पर पहुंची, कर्णध्वज सिंह, उसके पिता वरुण सिंह, बहन निकिता सिंह और अन्य लोगों ने सरकारी कर्मचारियों पर हमला बोल दिया।
🔹 बंधक बनाकर मारपीट और अभद्रता
हमलावरों ने चारों कर्मचारियों को कमरे में बंद कर बंधक बना लिया। पीड़ितों का कहना है कि उनके साथ जमकर मारपीट की गई, और महिला पटवारी शैली बोदचे के साथ छेड़छाड़ व अभद्र व्यवहार किया गया।
घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम संजय जैन, तहसीलदार आंचल अग्रहरि और पुलिस बल मौके पर पहुंचे। उन्होंने सभी कर्मचारियों को मुक्त कराया।
“कलेक्टर के निर्देश पर टीम को भेजा गया था। शिकायतकर्ता और उसके परिवार ने हमला कर टीम को बंधक बना लिया। सभी को सुरक्षित मुक्त करा लिया गया है।”
— संजय जैन, एसडीएम मनगवां
🔹 राजस्व कर्मचारियों में आक्रोश
घटना के बाद तहसील के सभी पटवारी और राजस्व कर्मचारी भारी आक्रोश में हैं। बड़ी संख्या में कर्मचारी मनगवां थाने पहुंचे और आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की।
पुलिस ने पीड़ित कर्मचारियों का मेडिकल परीक्षण कराया है और आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया गया है।
फिलहाल सभी आरोपी फरार बताए जा रहे हैं और पुलिस उनकी तलाश में जुटी है।
📍 MP NEWS CAST का निष्कर्ष:
सरकारी कामकाज के दौरान कर्मचारियों पर हमला लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चुनौती है। प्रशासन ने कार्रवाई शुरू कर दी है, लेकिन सवाल यह है कि सरकारी सेवाओं के प्रति ऐसी हिंसक मानसिकता कब रुकेगी?


