कालापीपल(बबलू जायसवाल)कालापीपल में एक दिन के दौरे पर आई शाजापुर कलेक्टर सुश्री ऋजु बाफना ने नगर परिषद पानखेड़ी में एक पेड़ मांक नाम के तहत पौधारोपण किया,उसके बाद अमृत 2.0 के अंतर्गत नगर परिषद पानखेड़ी के तालाब सौंदरीकरण का निरीक्षण करने पहुंची,जहां पर तालाब का सौंदर्य करण का घटिया काम देख नाराज हो गई,मौके पर ही कलेक्टर ने इंजीनियर से बोली डीपीआर दिखाओ इंजीनियर में कहां है की डीपीआर नहीं लाये कलेक्टर ने कहा कि कैसे लोग हो तुम जब तुम्हें मीटिंग में बता दिया था की डीपीआर लेकर आना है,मैं कहां तक पन्ने पर देखूंगी तुम्हारा काम तो कुछ नहीं दिख रहा है और तुम कह रहे हो की 90% कम हो चुका है,बता दे की तालाब सौंदर्य करण अमृत 2.0 के अंतर्गत तालाब सौंदरीकरण के लिए 33 लाख 60000 रुपए का टेंडर हुआ था,जो डब्लू आर डी और ई आर एस की देख-रेख में काम करता है,जिओ ट्रैकिंग के माध्यम से ठेकेदार को पेमेंट होता है,जैसे-जैसे काम होता जाता है वैसे-वैसे पेमेंट होता है लग-भग एक साल होने को है और तालाब सौंदरीकरण का काम अभी तक पूर्ण नहीं हुआ है और इंजीनियर बिना डीपीआर के कलेक्टर से कह रहे हैं कि 90% कर पूर्ण हो गया है,उसी काम को मौके पर पहुंची कलेक्टर ने देखा तो वह घटिया काम देख भड़क गई और तालाब सौंदर्य कारण के काम को देखने के बाद”जांच करने के आदेश के साथ उसका पेमेंट रोकने के भी आदेश दिए”आखिरकार सरकार इतना पेमेंट निर्माण कार्य और सौंदर्य करण के लिए देती है वह भी धरातल पर सही तरीके से इस्तेमाल नहीं हो पता है, अगर ऐसे तेज तर्रार अधिकारी नहीं हो तो ठेकेदार और इंजीनियर लीपा-पोती करने में कोई कसर नहीं छोड़े हैं।


