छिन्दवाड़ा/ 28 अक्टूबर 2024/ प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के ‘वोकल फॉर लोकल’ संदेश का असर अब जिले के बाजारों में दिखाई देने लगा है। दीपावली के अवसर पर बाजारों में स्थानीय कारीगरों और शिल्पकारों द्वारा निर्मित सामानों की रौनक देखते ही बन रही है। ग्रामीण क्षेत्रों के कलाकारों ने मिट्टी के दीये, सजावट का सामान और भगवान की मूर्तियाँ बनाकर बाजारों में सजाई हैं, जो खरीदारों को विशेष रूप से आकर्षित कर रही हैं।
इस पहल के तहत जिले के विभिन्न बाजारों में स्थानीय उत्पादों की बिक्री को प्रोत्साहित किया जा रहा है। प्रशासन की मदद से शहर के मुख्य बाजारों में विशेष स्टॉल लगाए गए हैं, जहाँ पर ग्रामीण कारीगरों द्वारा बनाए गए मिट्टी के दीये, हस्तनिर्मित सजावट के सामान, रंगोली, श्रृंगार सामग्री और अन्य पूजा से जुड़ी वस्तुएं बिक रही हैं। बाजार में खरीदारी करने आए लोगों का कहना है कि इन स्थानीय उत्पादों में एक अलग ही आत्मीयता महसूस होती है। स्थानीय निवासी भी इस पहल का समर्थन कर रहे हैं और स्वदेशी वस्तुओं को प्राथमिकता देते हुए अपने त्यौहार को मनाने का संकल्प ले रहे हैं।
महिला स्व-सहायता समूहों ने भी स्थानीय बाजारों में अपने उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई है, जिससे ग्रामीण महिलाओं को रोजगार का अवसर मिल रहा है। मिट्टी के दीये, रंगोली के रंग, हाथ से बनाए गए तोरण और अन्य सजावट के सामान ग्राहकों के बीच लोकप्रिय हो रहे हैं। इस प्रकार, ‘वोकल फॉर लोकल’ की यह पहल न केवल छिंदवाड़ा के बाजारों में उत्साह का माहौल बना रही है, बल्कि ग्रामीण कारीगरों की मेहनत को भी सम्मान दिला रही है। दीपावली के इस पर्व पर स्थानीय उत्पादों की चमक से बाजार सजीव हो उठे हैं, जो स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती देने में सहायक साबित हो रहे हैं।
*संवाददाता शुभम सहारे छिंदवाड़ा*


