कटनी ( 16 जून ) – कलेक्टर अवि प्रसाद द्वारा राजस्व प्रकरणों के निराकरण की दिशा में किए गए ठोस और गंभीर प्रयासों एवं निरंतर समीक्षा की वजह से जिले में सीमांकन प्रकरणों के निपटारे में आई तेजी के कारण निराकृत सीमांकन प्रकरणों का आंकड़ा अब 36 सौ को पार कर गया है, अर्थात शनिवार 15 जून तक सीमांकन के लंबित कुल 3 हजार 6 सौ 14 प्रकरणों का निराकरण किया जा चुका है।
अधीक्षक भू-अभिलेख ने बताया कि कलेक्टर श्री प्रसाद की सीमांकन प्रकरणों के निराकरण में रुचि लेने के पूर्व काफी पुराने सीमांकन प्रकरण लंबित पड़े थे। लेकिन राजस्व अधिकारियों को दिए निर्देश और निरंतर समीक्षा के बाद आए सीमांकन कार्य में तेजी के बाद जिले भर में औसतन प्रतिदिन एक सैकडा सीमांकन प्रकरण निपटाए जा रहे है।
तहसील ढीमरखेड़ा 569 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण कर अग्रणी
जिले की विभिन्न तहसीलों में सीमांकन प्रकरणों के निराकरण के मामले मे तहसील ढीमरखेड़ा द्वारा उत्कृष्ट प्रदर्शन किया जाकर अब तक कुल 569 सीमांकन प्रकरणों का निपटारा करते हुए निरंतर प्रथम स्थान पर अपनी जगह बनाये हुए है। वहीं तहसील विजयराघवगढ़ अब तक कुल 432 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण किया जाकर दूसरे स्थान पर पहुंच गई है। वहीं तहसील रीठी ने भी अब तक कुल 413 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण कर तीसरे स्थान पर अपनी जगह बना ली है।
जबकि तहसील कटनी नगर द्वारा चौथे स्थान पर रहते हुए अब तक 410 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण किया जा चुका है। इसी तरह तहसील बरही द्वारा 410 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण कर पांचवे तहसील स्लीमनाबाद अब तक सीमांकन के कुल 391 प्रकरणों का निराकरण कर छठे स्थान पर, तहसील बहोरीबंद 357 सीमांकन प्रकरणों का निराकरण कर सातवें, तहसील बडवारा 354 प्रकरणों का निराकरण कर आठवे स्थान पर और तहसील कटनी द्वारा अब तक कुल 288 सीमांकन के लंबित प्रकरणों का निपटारा किया जा चुका है।


