रिपोर्टर सीमा कैथवास
नर्मदापुरम। जिला मुख्यालय का प्रमुख मीनाक्षी चौराहा का चौड़ीकरण कार्य प्रशासन के लिए चुनौती बना हुआ है। प्रशासन द्वारा यातायात सुगम करने के लिए मीनाक्षी चौराहा क्षेत्र के अतिक्रमण भी चिन्हित किए जा रहे हैं। लोकसभा निर्वाचन की प्रक्रिया के चलते फिलहाल काम रुका हुआ है। दूसरी तरफ मीनाक्षी चौराहा का मुख्य नाला जो होमगार्ड कार्यालय के बाजू से होकर मीनाक्षी चौक की सड़क पार करते हुए पीली खंती से होकर जाता है। उक्त नाले पर हो रहे पक्के अतिक्रमण अब नगर पालिका प्रशासन के लिए चुनौती बने हुए हैं। पीलीखंती वाला क्षेत्र नगर पालिका अध्यक्ष का वार्ड क्रमांक 17 भी कहलाता है। पीलीखंती के रहवासियों ने भी शिकायत की है कि यहां पर वर्षों पुराने नाले की जमीन पर अतिक्रमण कर पक्का निर्माण किया जा रहा है। यहां के रहवासी छोटे भाई कहार ने सीएम हेल्पलाइन में शिकायत कर अवगत कराया है कि पीलीखंती में नाले पर कुछ लोगों द्वारा अवैध कब्जा किया जा रहा है नगर पालिका में भी जानकारी दी गई है परंतु कोई कार्यवाही नहीं की गई है।
छोटे भाई कहार ने बताया कि उनके परिवार के लोग पहले इस नाले पर सिंघाड़ा उगाते थे, पहले यहां तलैया होती थी, अब अतिक्रमण होने से नाला भी अब नाली में तब्दील होता जा रहा है। अतिक्रमण नहीं हटाया गया तो बारिश के दिनों में हमारे मकान भी डूब जाएंगे। सीएम हेल्पलाइन सहित वार्ड वासियों से मिल रही शिकायत पर गत दिनों नगर पालिका सीएमओ हेमेश्वरी पटले नगर पालिका अतिक्रमण दस्ता प्रभारी सुनील राजपूत सहित नपा अमले को लेकर अतिक्रमण देखने पहुंचा और उसके बाद सीएमओ पटले मैडम द्वारा नाले पर किए गए अतिक्रमण को जेसीबी से साफ करने के निर्देश दिए गए हैं। बताया जा रहा है कि नगर पालिका की छोटी जेसीबी खराब होने से दो दिनों से नाले का अतिक्रमण का मलवा नहीं हटाया जा सका है। जिसको लेकर शिकायतकर्ता छोटे भाई कहार निरंतर प्रशासन से गुहार लगा रहे हैं कि नाले का अतिक्रमण साफ नहीं किया गया तो बारिश के दिनों में बाढ़ के हालात निर्मित होंगे? दूसरी तरफ पिछले काफी समय से मीनाक्षी के नाले पर बना मेडिकल स्टोर का अतिक्रमण का मामला भी चर्चा में बना हुआ है। वार्डवासी निरंतर शिकायत कर रहे हैं कि नपा प्रशासन नाले का अतिक्रमण आखिर क्यों नहीं हटा पा रहा ? सूत्रों की माने तो यहां पर राजीव गांधी आश्रय योजना के रहवासी पट्टा को रसूखदार लोगों द्वारा खरीद लिया गया है और अब नाले की जगह पर भी अतिक्रमण किया जा रहा है। मामला राजनीतिक रसूखदार से जुड़ा होने से फिलहाल कार्यवाही जांच तक सीमित नजर आ रही है। अब पूरा मामला सुर्खियों में बना हुआ है कि क्या मीनाक्षी चौराहा के नाले पर किए गए रसूखदारों के अतिक्रमण पर प्रशासन का बुलडोजर चलेगा..?


